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निजी स्कूल संचालक ने दी छात्र का भविष्य बिगाडऩे की धमकी
उज्जैन। देवासरोड स्थित एक निजी स्कूल प्रबंधन की मनमानी का शिकार एक छात्र हो गया। स्कूल प्रबंधन ने छात्र के परिजनों को भविष्य बिगाडऩे की धमकी दे डाली जिसके बाद पुलिस हेडकांस्टेबल ने अपने पुत्र की स्कूल प्रबंधन से टीसी मांगते हुए स्कूल के खिलाफ हाईकोर्ट जाने की बात कही है।
अभिषेक मकवाना पिता रतनलाल मकवाना 17 वर्ष निवासी नीलगंगा पुलिस कॉलोनी कक्षा 11 वीं का छात्र है और देवासरोड स्थित एक निजी स्कूल में पढ़ता है। अभिषेक सहित स्कूल के 11 अन्य विद्यार्थियों को प्रबंधन द्वारा सिर्फ इसलिये प्रताड़ित किया गया कि उक्त छात्र स्कूल के शिक्षकों के पास ट्यूशन पढऩे नहीं जाते थे। प्रबंधन ने छात्रों पर छात्राओं से छेड़छाड़, टीचर की बात नहीं सुनने सहित अन्य आरोप लगाते हुए परिजनों को नोटिस जारी किये। छात्रों के परिजन स्कूल पहुंचे और प्रिंसिपल से चर्चा करते हुए शिकायत करने वाले टीचरों से आमने-सामने बात कराने को कहा, लेकिन कोई भी टीचर परिजनों के सामने नहीं आया। हालांकि रसूख और पहुंच के चलते 11 में से कुछ बच्चे क्लास में रेग्यूलर हो गये जबकि अभिषेक मकवाना को स्कूल प्रबंधन ने रेग्यूलर नहीं किया। इस पर पुलिस हेडकांस्टेबल रतनलाल मकवाना ने स्कूल संचालक से मोबाइल पर चर्चा की और स्पष्ट कहा कि आप मेरे बच्चे की टीसी दे दो, मुझे अपने बच्चे को आपके स्कूल में नहीं पढ़ाना। इस पर स्कूल संचालक ने अभिषेक का भविष्य बिगाडऩे की धमकी दी तो रतनलाल मकवाना ने कहा कि मैं बच्चे के भविष्य के लिये हाईकोर्ट तक जाऊंगा लेकिन तुम्हारे स्कूल में आगे पढ़ाई नहीं कराऊंगा।